Monday, July 28, 2008

Your.Id@Yahoo.IN - ई मेल पता उपलब्ध है।

पिछले दिनो, याहू.CO.IN ई मेल के लिये POP3 Settings देख रहा था तो कुछ बदलाव दिखा। थोड़ी और जिज्ञासा हुई तो पता चला कि Yahoo.In ई-मेल पता लिया जा सकता है। साइन-अप करते समय आपको I prefer content from ड्रॉप डाउन मीनू से International options मे से Yahoo India का चयन करना होगा।

इस बीच याहू से हिन्दी मे मेल भेजने और प्राप्त करने मे होने वाली असुविधा समाप्त हो गयी है।

Tuesday, July 22, 2008

New Theme नया कलेवर (आवरण)

आज यहाँ बेल्जियम के राष्ट्रीय दिवस के अवसर पर छुट्टी थी, तो कुछ समय ब्लॉग की साज सज्जा पर दिया। एक बढिया सा टेम्प्लेट ढूंढ़ने मे काफ़ी समय लगा, और उससे भी अधिक उसको थोड़ा सा रूपान्तरित करने में। कारण ये कि CSS (Cascading Style Sheet) समझने मे अभी भी मुश्किल होती है। कहीं कोई अच्छा ट्यूटोरियल मिल जाये तो ये समस्या भी हल हो। अगले सप्ताह समय मिलने पर इस पर ध्यान दिया जायेगा।

साइड बार मे Adsense की विडियो यूनिट भी लगायी, स्टाइल मे रूपानतरण मुख्यतं ५०० पिक्सेल चौड़ाई की फ़्लिकर इमेज और साइड बार मे एड्सेन्स का विडियो प्लेयर लगाने के लिये करना पड़ा।

Saturday, July 19, 2008

Leuven: Skyline - लेउवेन की क्षितिज रेखा

नीचे वाले चित्र के लिये 6x Optical Zoom का प्रयोग किया गया।
चित्र पर क्लिक करके,पूर्ण (वास्तविक) आकार मे देखा जा सकता है।

Monday, July 07, 2008

Leuven मे पहली शाम

First Evening in Leuven

पिछ्ली ३० जून को इटली होते हुये लेवेन, बेल्जियम पहुंचे। पहली बार खाड़ी से हो के जाने वाली फ़्लाइट ली थी यूरोप जाने के लिये। बहुत खराब अनुभव रहा :(।

इस बीच जब भारत मे थे तो ३१ मई को डॉ अरविन्द मिश्र जी से वाराणसी मे मुलाकात हुई थी। उसके बाद तो घर मे हम दोनो हिन्दी ब्लॉगरों को चिकेन पॉक्स हो गया था, आप लोगों ने सौम्या की पोस्ट पढ़ी होगी। बाद मे जाने की तयारी मे व्यस्त हो गये और प्रमेन्द्र से मिलना रह गया। शुक्रवार को प्रमेन्द्र ने बताया कि ब्लॉगिन्ग और कम्प्यूटर से दूर रहकर उन्होने अच्छी उप्लब्धियाँ हासिल की हैं, इसके लिये उनको मेरी ओर से बहुत शुभकामनायें।

Leuven, Belgium

पाण्डेय जी और शुक्ल जी से मिलना की योजना थी लेकिन चिकेन पॉक्स ने सब चौपट कर दिया, अनूप जी से तो अक्सर बात हो जाती है, लेकिन पाण्डेय जी ने जो सुझाव दिया था कानपुर मे मिलने का उसका शायद मै ज़वाब नही दे पाया था इसके लिये उनसे क्षमा। चौधरी जी से भारत आते ही फोन नम्बर का आदान-प्रदान हो गया था, पर तब से उनकी भी कोई खबर नही है।

बाकी अभी २-४ दिन और गेस्ट हाउस मे रहना है, जब तक स्थायी निवास का प्रबन्ध नही होता।
उम्मीद है शोध के साथ चिट्ठाकारी भी चलती रहेगी, फ़िलहाल तो आप लोग लेवेन की मेरी पहली शाम वाली चित्रमय प्रविष्टि का आनन्द उठाइये इस लिन्क पर क्लिक करके